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महिला को नौकरी का झांसा देकर 74 लाख रुपए ठगे, दंपति की बातों में आकर महिला के रिश्तेदार भी फंसे, फर्जी जॉइनिंग लेटर और फर्जी मेडिकल करवाए

Satyakhabarindia

जींद। शहर में एक दंपति ने एक महिला को नौकरी का झांसा देकर 74 लाख रुपए ठग लिए। दंपति ने यह ठगी मुख्यमंत्री का नजदीकी बनकर की। सिविल लाइन थाना पुलिस ने दंपति के खिलाफ धोखाधड़ी करने सहित अनेक धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। इस मामले में महिला ने दंपति की बातों में आकर अनेक लोगों के पैसे उसकी तरफ फंसा दिए। महिला के माध्यम से कुल 74 लाख रुपए दिए गए हैं। महिला का आरोप है कि दंपति ने उसे फर्जी जॉइनिंग लेटर और फर्जी मेडिकल करवा कर यह विश्वास दिलाने का काम किया कि उनका काम हो रहा है। महिला ने पुलिस को दी शिकायत में यह फर्जी जॉइनिंग लेटर और फर्जी मेडिकल भी पुलिस के हवाले किए हैं।

कैसे हुई पहचान

डिफेंस कॉलोनी की सुदेश ने बताया कि उसके खून में कैलेस्ट्रोल की मात्रा बढ़ गई थी। डाक्टर ने उसे एक्सरसाईज की सलाह दी थी। उसके घर के नजदीक एक जिम है। महिला ने उस जिम को ज्वाईन किया था। जिम में मनोज नाम का व्यक्ति भी आता था। मनोज एक्सरसाईज व डाइट की जानकारी देता था। उसकी जिम में आने जाने वाले लोगों के साथ जानकारी हो गई थी। उसने भी मनोज से एक्सरसाईज बारे पूछा तो उसने एक्सरसाईज व डाइट चार्ट बारे बताया था। मनोज ने कई बार कहा था कि उसके सीएम के साथ अच्छे सम्बन्ध हैं। सीएम के काफी प्रोग्रामों में साथ रहने के कारण अधिकारियों के साथ अच्छी जानकारी हो गई है। कुछ दिन बाद महिला की तबीयत खराब हो गई, जिस कारण वह जिम नहीं जा सकी। मनोज का फोन आया।

उसके बाद मनोज अपनी पत्नी मीना को साथ लेकर महिला के घर पहुंचे। मीना व मनोज ने कहा कि सीएम उनकी जाति से सम्बन्ध रखते हैं और मनोज की सीएम के साथ सीधी बातचीत होती है। इस कारण मनोज की HSSC, कई यूनिवर्सिटियों के वीसी, रेलवे मंत्रालय, इनकम टैक्स व कई अधिकारियों के साथ अच्छी जान पहचान है। मनोज ने कहा कि उसने कई बच्चों को क्लर्क व डी ग्रुप में नौकरी लगवाई है और कई अधिकारियो/कर्मचारियों के तबादले भी करवाए है। मनोज की पत्नी ने मनोज के फोन में मनोज की मुख्यमंत्री के साथ कई फोटो दिखाई। जिस कारण महिला को उन दोनों की बातों पर विश्वास हो गया था। उन्होंने बताया कि कई विभागों में खाली पद पड़े हुए हैं। वह नौकरी लगवा सकता है। मनोज व उसकी पत्नी मीना ने कहा, रुपयों की जिम्मेवारी उनकी होगी।

ऐसे बढ़ी बात आगे

कुछ दिन बाद मनोज ने कहा कि पुलिस विभाग करनाल में क्लर्क के पद खाली हैं। अगर कोई है तो पुलिस विभाग में क्लर्क के पद पर नौकरी लगवा देगा। इसके लिए दस लाख रुपए देने पड़ेंगे। जिसमें से आधे कागजों के साथ व आधे ज्वाईनिंग लैटर आने के बाद देने होंगे।

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पहला मामला

महिला ने 22 अगस्त 2024 को अपने देवर कुलदीप की पुत्रवधु प्रीति के कागजात मनोज को दे दिए व मनोज ने अलग से सफेद खाली पेज पर व एक अलग से फार्म पर प्रीति के हस्ताक्षर व अंगूठे लगवा लिए। कुछ दिन बाद मनोज ने कहा पांच लाख रुपए दो तभी ज्वाईनिंग लैटर आयेगा। एक दिन मनोज व उसकी पत्नी मीना घर से 5 लाख रुपए ले गए। प्रीति का ज्वाईनिंग लैटर 16.12. 2024 डाक द्वारा उसके देवर के मकान के पते गांव राजपुरा भैण जिला जींद पहुंच गया। जिसकी ज्वाईनिंग 28.12.2024 से 27.01.2025 रखी गई थी। ज्वाईनिंग लैटर पर ADGP हैडक्वार्टर, पंचकुला की मोहर व हस्ताक्षर थे। इसके बाद मनोज ने पांच लाख रुपए और ले लिए। 16.01.2025 को दोबारा एक लैटर आया, जिसमे ज्वाईनिंग की तारीख 18.04.2025 से 17.05.2025 थी जिसमें प्रीति का नाम क्रमांक 11 पर दर्शाया गया था। जिस पर भी ADGP हैडक्वार्टर पचकुला की मोहर व हस्ताक्षर थे। मनोज ने कहा कि वह जल्दी ही प्रीति की क्लर्क के पद पर करनाल में ज्वाईनिंग करवा देगा।

दूसरा मामला

उसी दौरान मनोज ने कहा कि रेलवे में लोको पायलट की 2 पोस्ट निकली हुई हैं तो उसने कहा की आपका कोई जानकार व रिश्तेदार का बच्चा लोको पायलट लगना चाहता हो तो बता देना। प्रत्येक बच्चे के हिसाब से 11 लाख रुपए खर्च आएगा। महिला ने मनोज के फोन पर अन्जू पत्नी कृष्ण वासी दुल्हेड़ा जिला झज्जर, विशाल पुत्र अजमेर सिंह वासी बराह खुर्द जिला जींद के कागजात व खाली पेज पर हस्ताक्षर व अंगूठा करवाकर उसके मोबाईल पर वाट्सऐप कर दिए और मनोज ने मुझे कहा कि पैसे मंगवा लो, मैं आपसे ले लूंगा। महिला ने अंजू के छह लाख रुपए मनोज को दे दिए व विशाल की माता ने खुद मनोज को छह लाख रुपए दिए। उसके बाद मनोज ने कहा कि अंजू व विशाल का राजस्थान के कोटा में 19 नवंबर 2024 को मैडिकल है। उनको राजस्थान कोटा में रेलवे अस्पताल में भेज देना। फिर अंजू व विशाल का वहां पर मैडिकल करवाया।

उसके बाद मनोज ने अन्जु व विशाल की कागजात वैरिफिकेशन के लिए एक लैटर उनके पते पर भिजवाया, जो 23 दिसंबर 2024 को प्राप्त हुई। जिसमे कागजात वैरिफिकेशन के लिए 6 जनवरी 2025 को डीआरएम ऑफिस बुलाया गया था। मनोज ने कहा कि उसके आदमी वहां मिलेंगे। अंजू व विशाल को दिल्ली भेज देना। जब वह दोनो दिल्ली पहुंचे तो दो आदमी आए, जिन्होंने उनके कागजातों की वैरिफिकेशन करवाई और उन्हें वापिस भेज दिया। उसके बाद अंजू का ज्वाईनिंग लैटर 17 मार्च 2025 को डाक द्वारा उसके गांव के पते पर आया व 22 मार्च 2025 को विशाल का लैटर उसके पते बराह खुर्द पर पहुंचा, जिसमें ज्वाईनिग की तारीख 15.04.2025 से 14.05.2025 तक थी। उसके बाद मनोज को महिला ने अंजू के पांच लाख रुपए दिए व विशाल की माता ने खुद मनोज को पांच लाख रुपए दिए थे।

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तीसरा मामला

इसी बीच मनोज ने कहा कि दिल्ली में बरोदा हाउस में क्लर्क की नौकरी है, जिसके दस लाख रुपए लगेंगे, जिसके लिए महिला ने अपने देवर की लड़की संजू के कागजात मनोज के पास भेजे थे और मनोज को पांच लाख रुपए जिम के बाहर दिए थे। मनोज ने कहा कि संजू का लखनऊ में रेलवे अस्पताल में मैडिकल है। आप संजू को लेकर वहां चले जाना। वहां दो आदमी आए और रेलवे अस्पताल लखनऊ में संजू का मैडिकल करवाया, उसके बाद संजू का ज्वाईनिंग लैटर दिनांक 21.03.2025 को डाक द्वारा महिला के देवर के घर पर आया, जिसमे ज्वाईनिंग की तारीख का 15.04.2025 से 14.05.2025 दिया हुआ था। मनोज ने कहा कि पांच लाख रुपए तैयार रखना। मीना और मनोज उसके घर पर आकर पांच लाख रुपए ले गए।

चौथा मामला

इसी बीच मनोज ने बताया कि रेलवे में ASM का पद खाली है, अगर कोई जानकार व रिश्तेदार का बच्चा हो तो नौकरी लगवा सकता है। जिसके लिए उसने 13 लाख रुपए की मांग की। महिला ने प्रीति पुत्री राममेहर वासी गांव खेड़ी सनसनवाल जिला चरखी दादरी के कागजात भेजे और सात लाख रुपए उसको कैश दे दिए, उसके कुछ दिन बाद मनोज ने कहा कि प्रीति का 11 .12.2024 को मैडिकल है। वह लखनऊ चली जाए। वहां पर दो आदमी मिलेंगे। 11.12.2024 को प्रीति मैडिकल करवाने के लिए लखनउ गई, जहां पर दो आदमी मिले और प्रीति का रेलवे अस्पताल लखनऊ में मैडिकल करवाया। फिर 31.12.2024 को प्रीति की डाक्यूमेंट वैरिफिकेशन का लैटर घर पर आया जिसकी वैरिफिकेशन प्रीति ने 10.01.2025 को डीआरएम आफिस नई दिल्ली में करवाई। फिर 16.03.2025 को प्रीति का ज्वाईनिंग लैटर डाक द्वारा उसके गांव के पते खेड़ी सनसनवाल जिला चरखी दादरी पर आया। जिसमे ज्वाईनिंग का समय 15.04.2025 से 14.05.2025 का था। मनोज ने छह लाख रुपए जिम के बाहर लिए।

पांचवां मामला

मनोज ने बताया कि इनकम टैक्स मे इंस्पेक्टर की पोस्ट खाली है। उसके लिए 15 लगेंगे और कहा कि 11 लाख रुपए पहले देने होंगे। जिसके लिए महिला ने अमन डिफेंस कालोनी जींद के कागजात दिए और साथ में अमन की माता सरोज ने जिम के बाहर 11 लाख रुपए मनोज को खुद दे दिए। उसके बाद मनोज ने कहा कि अमन को इन्टरव्यू के लिए 15.01.2025 को आईटीओ आफिस दिल्ली जाना है। अमन दिल्ली गया, जहां पर एक आदमी मिला, जिसने अमन के साईन करवाकर वापिस भेज दिया। उसके बाद अमन की कागजात की वैरिफिकेशन के लिए डाक द्वारा लैटर प्राप्त हुआ। डाक्यूमेंट वैरिफिकेशन के लिए अमन 18.02.2025 को आरके पूरम नई दिल्ली गया, उसके बाद अमन का ज्वाईनिंग लैटर 27.03.2025 को डाक से घर आया।

छठा मामला

इस बीच मनोज ने बताया कि यूनिवर्सिटी में यूडीसी क्लर्क की पोस्ट खाली है। इसके लिए 11 लाख रुपए लगेंगे। महिला ने सुमित पुत्र अजमेर वासी पुलिस लाईन जींद के डाक्यूमेंट व आठ लाख रुपए मनोज को दिलवाए। जिसका ज्वाईनिंग लैटर खुद मनोज लेकर आया था। जिसमें ज्वाईनिंग की तारीख 11.04.2025 से 12.05.2025 थी।

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मनोज घर छोड़ भागा

12 मई 2025 को प्रीति वासी खेड़ी सनसनवाल जिला चरखी दादरी, विशाल वासी बराह खुर्द, अंजू वासी दुल्हेड़ा जिला झज्जर को डीआरएम आफिस नई दिल्ली में बुलाया, जहा पर मनोज उनको मैट्रो स्टेशन राजीव चौक गेट नम्बर 6 पर मिला, जिसने उनकी ज्वाईनिंग नहीं करवाई। उसी दिन अमन आरके पूरम नई दिल्ली इन्कम टैक्स आफिस आया, जिसकी भी ज्वाईनिंग मनोज ने नहीं करवाई। सुमित वासी पुलिस लाईन जींद भी रणबीर सिंह यूनिवर्सिटी जींद में गया, लेकिन उसकी भी ज्वाईनिंग नही हुई। मनोज ने व्हाट्सएप काल करके कहा कि वह किसी भी बच्चे की ज्वाईनिंग नही करवाता।

जून की 10-11 तारीख को सभी बच्चो के रुपए वापिस कर देगा, लेकिन मनोज ने किसी भी बच्चे के पैसे वापिस नहीं किए। जब उसने मनोज व मीना से रुपए वापिस देने बारे बातचीत की तो मनोज व उसकी पत्नी मीना आगे से आगे समय देते रहे। फिर महिला एक दिन उसके मकान हनुमान नगर में गई तो पड़ोसियों ने बताया कि मनोज अब यहां पर नहीं रहता है, वह अपने परिवार सहित मतलौड़ा जिला पानीपत में चला गया है। उसके बाद महिला के पति रोहताश ने भी मनोज से रुपए वापिस देने बारे मोबाईल फोन पर बातचीत की। बाद में उन्हें पता चला कि मनोज के खिलाफ पहले भी धोखाधड़ी का मामला थाना समालखा जिला पानीपत में दर्ज है।

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